नमस्कार!   रचनाएँ जमा करने के लिए Login करें प्रतिक्रिया · हिन्दी लेखक डॉट कॉम
Sep 1, 2017
35 Views
0 0

प्रतिक्रिया

Written by

🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏

जरा हटके –

लघुकथा – प्रतिक्रिया

 

वे बड़े साहित्यकार थे । उनकी एक नकारात्मक प्रतिक्रिया ने बेचारे नवोदित लेखक का दम घोंट दिया था । वह विचलित हो गया था और उसे लग रहा था – सच तो कह रहे हैं हमारे माननीय । अभी उसे लिखना आता ही कहां है । दो – चार कहानियां और कविता छप जाने से क्या वह लेखक मान लिया जायेगा। समाज में उसकी इज्जत बढ़ जायेगी । नहीं …नहीं …हरगिज नही ।

सही कहते हैं वे – अभी मेरी पढ़ने की उम्र है , कैरियर बनाना है । ये कहां दीवानों की फ़ौज में खड़ा होने जा रहा हूँ मैं । सही तो कहते हैं , वे – ऊल – जलूल लिखकर समाज को भ्रमित ही तो कर रहा हूँ मैं । मेरे आधुनिक विचारों से जाग्रति तो आएगी नही , मुझे ही घर – निकाला मिल जाएगा । रोजी – रोटी के लाले पड़ जायेंगे। शादी – वादी भी नही होगी और नाकारा – निक्कमा कहाऊँगा सो अलग।

….पक्का । अब कल से नही लिखूंगा ।

यह निश्चय कर रवि करवट बदलते हुए न जाने कब सो गया । आँख लगते ही उसका विचलित मन सुनहरे सपनों में खो गया। उसने देखा – वह एक बड़े से समारोह को अपने सम्मान के बाद संबोधित कर रहा है । जन समुदाय उसके नए उपन्यास के नाम से उसे पुकार रहे हैं और उसे समाज की विसंगतियों पर लिखने वाला सच्चा पथ प्रदर्शक बता रहे हैं । उसके सम्बोधन समाप्ति के बाद पत्रकारों का झुण्ड उसे घेर रहा है और तरह तरह के सवाल पूछे जा रहे हैं । अखबारों की सुर्खियों में रवि को जन नायक निरूपित किया गया है ।      अचानक वह , हड़बड़ा कर उठ बैठा ।

सपने से रवि को अपने अंतर्मन में शक्ति के संचार का एहसास हुआ । उसने निश्चय किया कि वह जीवन में कभी भी , किसी भी प्रतिक्रिया से विचलित नही होगा और अपना लेखन निरन्तर जारी रखेगा । वह हर नकारात्मक प्रतिक्रिया को भी सहजता से लेगा और बताई गई कमियों को दूर भी करेगा ।

आज वाकई रवि का सम्मान होने जा रहा था । वह् अपने निश्चय से खुश था।

– देवेंन्द्र सोनी , इटारसी

🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏

No votes yet.
Please wait...
Article Categories:
लघुकथा

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हिन्दी लेखक डॉट कॉम का सदस्य बनें... अपनी रचनाएँ अधिक से अधिक हिन्दी पाठकों तक पहुचाएँ ... वेबसाइट में प्रकाशित रचनाओं पर कमेंट्स एवं रेटिंग्स देकर लेखकों का प्रोत्साहन करें...

Social connect: