इतना प्यार मुझे मत देना

इतना प्यार मुझे मत देना, कहीं पीर मैं भूल न जाऊँ।

और खुशी इतनी मत देना, नयन नीर को रोक न पाऊँ।।

 

दुख-सुख धूप छाँह हैं जैसे, पाहुन जैसा आना-जाना।

सुख की छाँव तभी तक अच्छी, दुख में भला लगे मुस्काना।।

चाहे आँखों में आँसू हों, लेकिन हर पल मैं मुस्काऊँ।

 

श्वेत-श्याम से इस जीवन में, सतरंगी न आस लगाना।

कब तक साथ कौन चलता है, एकाकी ही चलते जाना।।

कठिन डगर है इस जीवन की, ऐ मन! तुझको यह समझाऊँ।

 

दिशाहीन मैं कभी न होऊँ, हे ईश्वर! ऐसा वर देना।

संकट में भी धैर्य न छोड़ूँ, मुझमें वह साहस भर देना।।

काम न ऐसा मैं कर बैठूँ, जिससे जीवन भर पछताऊँ।

No votes yet.
Please wait...

Leave a Reply

Close Menu