सानिया (भाग 1)

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सानिया (भाग 1)

By |2018-02-09T08:51:23+00:00February 9th, 2018|Categories: कहानी, धारावाहिक|Tags: , , |0 Comments

सानिया( गलती कहां हो गई)
सानिया हंसमुख स्वाभाव की और अल्हड़ लड़की थी घर या बाहर उसकी वजह से गुंजायमान रहता। जहां भी वह होती मनोहर वातावरण रहता, सानिया का कालेज पिकनिक जा रहा था बस इसी धुन में कल सभी के साथ पिकनिक पर जाना है अपनी अलग ही खुशी थी सानिया और सहेलियों के अंदर थी।।
शाम के चार बजे जब सानिया पिकनिक से घर से लौट कर आयी। सानिया ने देखा घर में हलचल मची हुई है। उसे लगा सब उसी की तरफ देख रहे हैं, छोटी बहन सानिया की कहती है हमारी बहन को कौन मना कर सकता है हमारी बहन है ही इतनी सुंदर सानिया को सानिया की मां ने बताया लड़के वाले आ रहे हैं सानिया तैयार हो जाओ लड़के वाले आने वाले होगें। लड़के वाले आए सानिया को पसंद कर गए उनके जाने के बाद सानिया को पता चला लड़का अमेरिका में वैज्ञानिक है लेकिन सानिया अपने भारत से बहुत प्रेम करती थी और वह भारत से बाहर नहीं जाना चाहती थी उसने इस रिश्ते से इनकार कर दिया और उसने बोला कि वह भारत में रहने वाले लड़के से ही शादी करना चाहती है।
अमेरिका में रहने वाले इस लड़के का नाम अमर था और उसकी शादी किसी दूसरी लड़की के साथ हो गयी। अमर का छोटा भाई भी था जो भारत में ही इंजीनियर था और उसका नाम आदित्य था, इत्तफाक की बात है कि सानिया की आदित्य से शादी की बात चली और उसकी शादी हो गई।
अमर सानिया को पसंद करता था और सानिया ने उससे शादी ना करके उसका अपमान किया किया है ऐसा अमर को लगता था। सानिया और आदित्य की शादी के बाद जब वह अमेरिका से अपनी पत्नी के साथ घर आया तो सानिया को देखकर उसे याद आ जाता था इसने मुझसे शादी के लिए मना कर दिया था इसलिए वह कोई भी मौका नहीं छोड़ता था सानिया का अपमान करने में चाहे जब वह उसे कुछ भी सुना देता था।
पूरा घर सानिया के सास ससुर और नंद अमर और उसकी पत्नी के आगे पीछे घूमते रहते पैसे वाला जो था अमेरिका से लाए तरह तरह के उपहार जो लाए थे। अमर हमेशा कोशिश करता कि सानिया ने उससे शादी नहीं कर के कितनी बड़ी गलती की है। सानिया सारे दिन काम में लगी रहती लेकिन घर में कोई इज्जत ही नहीं कभी कभी अमर की पत्नी रसोई में आ जाती अमर उसे खींच कर बाहर ले जाता तुम्हें काम करने की आदत नहीं बाहर आ जाओ।
सानिया को समझ नहीं आ रहा था क्या उससे वाकई गलती हो गई जो इस घर में उसकी और उसके पति की कोई इज्जत नहीं है वह तो इनकी रात दिन सेवा में लगी रहती है सम्मान भी बहुत करती है हमेशा अपने आप से पहले सास ससुर की सोचती है। आदित्य के बड़े भाई का भी बहुत सम्मान करती है। पढ़ी-लिखी भी हूँ फिर ये सब अपमान क्यों करते हैं। वह सोच रही थी क्या इसकी वजह जैठजी का पैसा है???????

क्रमशः

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