प्यार है कि नहीं

प्यार है कि नहीं

अच्छा एक बात बताओ जैसे मेरा दिल तडफ़ता है,
क्या तुम्हारा दिल भी इसी तरह धड़कता है|
क्या तुम्हें भी मेरी याद आया करती है,
जब भी मेरे दिल से फ़रियाद जाया करती है|
क्या तुम भी मेरा नाम लेकर सोया करते हो,
मोहब्बत के रंगीन सपनों में खोया करते हो|
क्या तुम्हारा दिल भी मेरा इंतजार किया करता है,
मेरे दिल के जैसा बेक़रार हुआ करता है|
पूछ रहा हूँ, है गुज़ारिश बस इतनी सी,
जितनी चाहत है इधर, क्या तुझको भी है कशिश उतनी सी|

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Rahi Mastana

Part time writer/Author/Poet

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