ओ अमन हत्यारे शर्म करो!

ओ अमन हत्यारे शर्म करो!

जातिवाद या धर्म विवाद की यातना आखिर कब तक दोगे?
सत्तासीनता के लोलुप क्या राष्ट्र विखण्डित कर दोगे?
ओ अमन हत्यारे शर्म करो!
बर्बाद चमन को कर दोगे!

चिंगारी फैलाते हो, क्या राख वतन को कर दोगे?
हर तरफ कोहराम मचा है, परस्पर संग्राम मुखर दोगे?
ओ अमन हत्यारे शर्म करो!
बर्बाद चमन को कर दोगे!

आपस मे उलझाकर क्या शांति भंग कर दोगे?
क्या स्वार्थ में अंधे होकर पीड़ा से दामन भर दोगे?
ओ अमन हत्यारे शर्म करो!
बर्बाद चमन को कर दोगे

घोटालों से जेब भरोगे, राष्ट्र सेवा का ढोंग रचोगे?
ओ अस्तित्वहीन दगेबाजों!
दाग तिरंगा कर दोगे ओ अमन हत्यारे शर्म करो!
बर्बाद चमन को कर दोगे!

बंद करो ये धंधेबाजी!
जनता को कब तक लूटोगे?
सरहद के रखवाले को सम्मान भला तुम क्या दोगे?
अमन हत्यारे शर्म करो!
बर्बाद चमन को कर दोगे!

– चंदन कुमार आत्मज, वेद प्रकाश शर्मा

No votes yet.
Please wait...

CHANDAN KUMAR

Chandan Kumar S/o Ved Prakash Sharma Vill-Chhoti Kopa P.O+P.S-Naubatpur Distt-Patna(Bihar) Pin Code-801109 Mobile number 8294501550

Leave a Reply

Close Menu