मेकअप

मेकअप

By | 2017-08-18T23:17:01+00:00 August 18th, 2017|Categories: कविता|0 Comments

रोयी आंखों को हंसाने के लिए ,
काजल ,लाइनर से सजाया !
गालों पर पड़े तड़ाक निशान को ,
छुपाने को एक परत पाउडर की !
पकड़ कर घसीटने से बिखरे बाल,
कंडीशनर व हाइलाइटर से चमके !
मार से कटे होंठ पर एक परत ,
सजा ली गहरी लिपस्टिक !
चोट खाये जिस्म पर सजायी
महंगी डिजायनर ड्रेस !
कुछ गहने डायमंड के ,
दे रहे गवाही ऊंचे खानदान की !
इज्जत है बड़े घर की ,
तो बहुत कुछ छुपा कर महंगी गाड़ी में !
यूँ वो संवर कर निकली पति के साथ ,
तस्वीर छपी पेज 3 पर और हुई ,
वायरल सोशल मीडिया पर !
बोली पब्लिक पता नहीं क्यों ?
इतना सजती है !
नेचुरल नहीं लगती ,
क्या जाने कोई ,
मेकअप सजाता ही नहीं !
बहुत कुछ छुपाता भी है !

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