बंधनों को नहीं तोड़ना ।
साथ साथी नहीं छोड़ना ।।

प्रेम धागे नहीं तोड़ना ।
साथ साथी नहीं छोड़ना ।।

प्रीत धारा नहीं मोड़ना ।
साथ साथी नहीं छोड़ना ।।

पुष्प माला नहीं तोड़ना
साथ साथी नहीं छोड़ना ।।

यार वादा नहीं तोड़ना ।
साथ साथी नहीं छोड़ना ।।

दो दिलों को नहीं तोड़ना ।
साथ साथी नहीं छोड़ना ।।

– नवीन कुमार जैन

Say something
Rating: 1.0/5. From 1 vote. Show votes.
Please wait...