जंगल बुक अध्याय -1

ऊपर आसमान को चीरता हूआ मन की गति की रफ्तार से भी तेज सफेद दूधिया बादलों के नीचे घुरूम – घुरूम की आवजे निकालकर हवाई यात्रा कर रहा है

एक प्यार ऐसा भी

दोपहर के लंच का समय हो रहा था , रजनी ने अपने P. A से पूछा क्या कोई और भी है इंटरव्यू देने के लिए ?
P. A -yes maim one candidate more
Rajni – ok उन्हें भेजो

और चूजे उड़ गये

चूजों को एक लकड़ी की पेटी में बंद कर दिया। उन्हें सर्दी न लगे इसलिये हाई वोल्टेज का बल्ब लगा दिया लेकिन बल्ब कुछ ज्यादा ही गर्मी दे गया

क्या यही प्यार है 

महंगे कपडे, गहने देना ही प्यार नहीं है। मेरे पति मेरे साथ जानवरों जैसा सुलूक करते हैं। जब मन करता है गाली देते है, जब मन करता है शारीरिक शोषण

आभासी दुनियां का सच !

कुल को इतना प्रभावित किया कि उसने बिना और जानकारी जुटाये धीरा को एक शाम गोमती रिवर फ्रंट पर मिलने के लिए बुला लिया।