नारी तू संभल जा

जब बेटे के कान मे भर दिया जाता है तो बेटा अपनी मां की बात को सच मानता है और लाख यत्न से भी उसकी मानसिकता अपनी पत्नी और उसके परिवार के प्रति लगाव नही हो सकता।।क्या फोन का प्रयोग दूर बैठ कर भी दखलअदाजी के लिये ही करना चाहिये।