मां मुझको Ak-47 दे दे

मां मुझको AK-47 दे दे मैं फियादीन को मार आऊंगा, बन कर नहीं कोई दुश्मन मैं एक हिन्दुस्तानी बन पताका …

सच्चे रिश्ते

नमन सुबह जल्दी ही नहा धोकर तैयार हो गया था । आज रक्षाबंधन है । दीदी आएगी गाँव से यह सोच कर उसका मन उमंग से भरा जा रहा था । हर साल की तरह इस बार भी वह दीदी के लिए साड़ी मिठाई और गिफ्ट लाकर रख चुका था । अचानक उसकी विचार ट्रेन को ब्रेक लग गए